ऐपशहर

30 साल बाद नासिक करंसी प्रेस में शुरू हुई ₹1 के नोटों की छपाई

नासिक रोड स्थित प्रेस ने करीब 30 साल पहले 1 रुपये के नोटों की छपाई बंद कर दी थी। लेकिन सरकार की ओर से 500 और 1000 रुपये के पुराने नोटों को प्रचलन से बाहर करने के बाद यहां 1 बार फिर से सबसे छोटे करंसी नोट की छपाई का काम जोरों पर है।

महाराष्ट्र टाइम्स 18 Nov 2016, 1:34 pm
नासिक
नवभारतटाइम्स.कॉम nashik based currency note press printing 1 rupee note after 30 years
30 साल बाद नासिक करंसी प्रेस में शुरू हुई ₹1 के नोटों की छपाई

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से 500 और 1000 रुपये के पुराने नोटों को बंद करने के ऐलान के बाद रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया इन दिनों छोटे नोटों को छापने में व्यस्त है। 500 रुपये के नए नोटों को ज्यादा से ज्यादा छापने की बजाय रिजर्व बैंक 10, 20 और 50 रुपये के छोटो नोटों की प्रिंटिंग को ज्यादा तवज्जो दे रहा है। यही नहीं केंद्रीय बैंक ने नासिक स्थित करंसी नोट प्रेस को 1 रुपये के नोट छापने का भी आदेश दिया है।\



महाराष्ट्र में नासिक रोड स्थित प्रेस ने करीब 30 साल पहले 1 रुपये के नोटों की छपाई बंद कर दी थी। लेकिन सरकार की ओर से 500 और 1000 रुपये के पुराने नोटों को प्रचलन से बाहर करने के बाद यहां 1 बार फिर से सबसे छोटे करंसी नोट की छपाई का काम जोरों पर है। पिछले सप्ताह यहां पर 1, 10, 20, 50 और 500 रुपये के करीब 5 करोड़ नोट छापे गए थे। इसके अलावा 16 नवंबर को 100 रुपये के 1.90 करोड़ नोट प्रिंट किए गए।

पिछले सप्ताह जो 5 करोड़ नोट छापे गए थे, उनमें से 10 लाख नोट 1 रुपये के थे, जिन्हें अलग-अलग बैंकों को भेजा जा चुका है। इन नोटों को छापने के लिए सामान्य इंक से अलग स्याही मध्य प्रदेश के देवास से मंगाई गई है। विमुद्रीकरण के बाद नोटों की प्रिंटिंग में तेजी आने के चलते इंक की मांग भी खासी बढ़ गई है। स्याही की कमी न हो इसके लिए देवास से स्पेशल इंक की सप्लाइ की जा रही है।
इस खबर को मराठी में पढ़ने के लिए क्लिक करें

अगला लेख

Businessकी ताजा खबरें, ब्रेकिंग न्यूज, अनकही और सच्ची कहानियां, सिर्फ खबरें नहीं उसका विश्लेषण भी। इन सब की जानकारी, सबसे पहले और सबसे सटीक हिंदी में देश के सबसे लोकप्रिय, सबसे भरोसेमंद Hindi Newsडिजिटल प्लेटफ़ॉर्म नवभारत टाइम्स पर
ट्रेंडिंग