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दिल्ली में शनिवार को आंधी-बारिश के साथ मिलेगी गर्मी से राहत, केंद्र ने मॉनसून पर राज्यों को किया अलर्ट

Weather News India : भारत के इतने विशाल भू-भाग पर कहीं भारी बारिश हो रही है तो कहीं लू का सामना करना पड़ रहा है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी अगले दो दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद नहीं दिखाई पड़ती है। उधर, केंद्र सरकार ने मॉनसून को लेकर मौसम विभाग के अनुमान के मद्देनजर राज्यों को अडवाइजरी दी है।

Compiled byनवीन कुमार पाण्डेय | नवभारतटाइम्स.कॉम 18 May 2022, 10:21 pm
नई दिल्ली: एक तरफ दक्षिण के राज्यों केरल और कर्नाटक के साथ-साथ पूर्वी राज्य असम में भारी बारिश के कारण कई इलाकों में जनजीवन अस्त-व्यस्त है तो दूसरी तरफ उत्तर भारत के ज्यादातर हिस्से में बेतहाशा गर्मी महसूस की जा रही है। हालांकि, बुधवार शाम को कई इलाके हल्की आंधी से ठंडी हवा का संचारियों का कहना है कि पर हुआ। दिल्ली में आंशिक रूप से बादल छाए रहने से बुधवार को तापमान कुछ डिग्री नीचे आ गया। मौसम अधिकाश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से रुक-रुक कर होने वाली मौसम गतिविधि के कारण अगले एक सप्ताह में तापमान में अधिक वृद्धि की संभावना नहीं है।
नवभारतटाइम्स.कॉम Heatwave
दिल्लीवासियों को अगले दो दिनों तक और सताएगी गर्मी फिर मिलेगी राहत। (सांकेतिक तस्वीर)


दिल्ली के सफदरजंग वेधशाला में अधिकतम तापमान 40.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मंगलवार को यह 41.1 डिग्री सेल्सियस और सोमवार को 42.4 डिग्री सेल्सियस था। अगले दो दिनों में अधिकतम तापमान 43 डिग्री तक पहुंचने का अनुमान है। दिल्ली में शनिवार को आंधी, धूल भरी आंधी और हल्की बारिश हो सकती है। आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और गरज के साथ बारिश की संभावना से अगले तीन से चार दिनों तक पारा नियंत्रण में रहेगा। दिल्ली में रविवार को अधिकतम तापमान 45.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो इस साल अब तक का सबसे अधिक तापमान है।

राजस्थान के कई हिस्सों में लू चलने की चेतावनी

उधर, राजस्थान के कुछ हिस्सों में अगले 48 घंटों में अधिकतम तापमान दो से तीन डिग्री सेल्सियस बढ़ने का अनुमान है और गर्म हवाएं चल सकती हैं। मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार, बुधवार को अधिकतम तापमान धौलपुर में 45.6 डिग्री सेल्सियस, पिलानी में 45.2 डिग्री, चुरू में 45 डिग्री, जैसलमेर और बीकानेर में 44.8 डिग्री तथा फलोदी में 44.2 डिग्री दर्ज किया गया। राज्य भर में कई स्थानों पर अधिकतम तापमान 40 डिग्री से ऊपर दर्ज किया गया।

मौसम केंद्र के अनुसार, आगामी 48 घंटों के दौरान राज्य में मौसम शुष्क रहेगा तथा अधिकतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी होगी। केंद्र ने बताया कि राज्य के जोधपुर, बीकानेर संभाग के जिलों में अगले तीन दिनों के दौरान अधिकतम तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किए जाने की संभावना है और यहां अगले 3 दिनों तक लू (हीटवेव) की परिस्थिति बनी रहेगी। इसी तरह भरतपुर, जयपुर व कोटा संभाग के जिलों में 19-20 मई को लू की परिस्थिति रहेगी। हालांकि 21 मई से एक और नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से राज्य के उत्तर-पश्चिमी व उत्तरी भागों में मेघगर्जन के साथ आंधी व कहीं-कहीं हल्की बूंदाबांदी होने की संभावना है।

केरल में भारी बारिश अनुमान के बीच ऑरेंज अलर्ट जारी

केरल के कई हिस्सों में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने बुधवार को राज्य के सात जिलों में दिनभर के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया। केंद्रीय मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए राज्य में भारी और बहुत भारी बारिश और उसके बाद अगले दो दिनों तक भारी बारिश का अनुमान जताया है। केरल में पिछले कुछ दिनों से भारी बारिश के चलते राज्य के कुछ हिस्सों में सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। इस महीने के अंत तक दक्षिण-पश्चिम मानसून के आने की संभावना के बावजूद भारी बारिश को देखते हुए राज्य सरकार ने जिला अधिकारियों की एक बैठक बुलाई थी और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश जारी किए थे।

राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) ने पहले ही केरल में पांच दलों को तैनात कर दिया है। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एसडीएमए) ने लोगों से बारिश कम होने तक नदियों और अन्य जलाशयों से दूर रहने को कहा है। एसडीएमए ने लोगों से जब तक आपात स्थिति न हो पहाड़ी क्षेत्रों की यात्रा नहीं करने के लिए कहा है। साथ ही बारिश कम होने तक रात की यात्रा से बचने की भी सलाह दी है। जिला प्रशासन ने भी लोगों को तटीय क्षेत्रों के पास न जाने की चेतावनी दी है। आईएमडी ने पहले भविष्यवाणी की थी कि दक्षिण-पश्चिम मानसून, जिसे राज्य में एडवापति के नाम से भी जाना जाता है, के कारण पहली बारिश 27 मई तक हो सकती है। यह मानसून के आगमन की सामान्य तिथि से पांच दिन पहले ही मानसून की दस्तक हो जाएगी।

मॉनसून के दौरान नुकसान से बचने के लिए तैयार रहें राज्य: केंद्र
केंद्र ने बुधवार को राज्य सरकारों से कहा कि वे मॉनसून के दौरान बाढ़, चक्रवात और भूस्खलन जैसी प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान से बचने के लिए बेहतर रूप से तैयार रहें। विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के आपदा प्रबंधन विभागों के राहत आयुक्तों और सचिवों के वार्षिक सम्मेलन के दौरान अपने संबोधन में केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला ने पूरे वर्ष चौबीसों घंटे तैयारी सुनिश्चित करने के लिए क्षमता और प्रतिक्रिया सजगता के निर्माण की आवश्यकता पर बल दिया। इस संबंध में एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि गृह सचिव ने राज्य और केंद्र सरकार के अधिकारियों को बेहतर तरीके से तैयार रहने को कहा ताकि बाढ़, चक्रवात, भूस्खलन जैसी प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके।

(एजेंसियों से इनपुट के साथ)
लेखक के बारे में
नवीन कुमार पाण्डेय
नवीन कुमार पाण्डेय सितंबर 2014 से नवभारत टाइम्स ऑनलाइन से जुड़े हैं। इनकी पत्रकारीय जीवन की शुरुआत तो दिल्ली विश्वविद्यालय के दक्षिणी परिसर में नामांकन के साथ ही शुरू हो गई थी, लेकिन पेशेवर पत्रकार का तमगा M3M मीडिया ग्रुप ने दिया। वहां हमार टीवी में नौकरी करने के बाद पटना चले गए और आर्यन टीवी की शुरुआती टीम में शामिल रहे। पटना से रांची का रुख हुआ। वहां झारखंड के सबसे प्रभावी न्यूज चैनल न्यूज 11 में काम किया। फिर रांची से प्रकाशित एक नए अखबार खबर मंत्र का हिस्सा रहे। वहां से दोबारा न्यूज 11 और फिर दिल्ली आगमन हुआ। अभी नवभारत टाइम्स ऑनलाइन के साथ इनकी यात्रा जारी है।... और पढ़ें

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