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Lungs Exercise: कोरोना में अगर फेफड़ों पर पड़ा है जोर, तो घर बैठे करें ओम (ॐ) का जाप; Lungs बनेंगे मजबूत

अपने फेफड़ों की मूल क्षमता को वापस पाने के लिए ब्रीदिंग एक्सरसाइज बहुत फायदेमंद हैं। इन्हें आप कहीं भी कभी भी किसी भी समय कर सकते हैं।

नवभारतटाइम्स.कॉम 13 May 2021, 9:35 am
कोविड के दौरान बहुत लोगों के फेफड़ों पर बुरा असर हुआ है। अगर आपके भी फेफड़े कोविड के दौरान प्रभावित हुए हैं, तो आपको ज्यादा सर्तक रहने की जरूरत है। न केवल स्वस्थ आहार बल्कि व्यायाम करने से भी आपके फेफड़े मजबूत बनेंगे। कुछ ब्रीदिंग एक्सरसाइज फेफड़ों को विकसित करने का एक शानदार तरीका है। ये न केवल इसकी मांसपेशियों में सुधार करती हैं, बल्कि पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन की आपूर्ति करके फेफड़ों की क्षमता बढ़ाती हैं।
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Lungs Exercise: कोरोना में अगर फेफड़ों पर पड़ा है जोर, तो घर बैठे करें ओम (ॐ) का जाप; Lungs बनेंगे मजबूत


विशेषज्ञ कहते हैं कि आज जब भारत ऑक्सीजन की कमी से जूझ रहा है, ऐसे में खुद को सर्तक और फिट रखना बेहद जरूरी है। हमें अपने फेफड़ों को ज्यादा मजबूत करने की जरूरत है। क्योंकि कोविड-19 वायरस हमारे श्वसन तंत्र को गंभीर रूप से प्रभावित करता है। ऐसे में उन्हें अपनी पहले जैसी स्थिति में वापस लाने के लिए कुछ तकनीकों का पालन करना जरूरी है। फिजियोथैरेपिस्ट्स ने ऐसे कुछ व्यायाम सुझाए हैं, जिन्हें दिन में 6-7 बार करने से आपके फेफड़े बहुत जल्दी रिकवर हो जाएंगे।

ओम (ॐ) का जाप

शायद आप नहीं जानते कि ओम का जाप आपके फेफड़ों के लिए कितना फायदेमंद है। ऊं का उच्चारण करने से सांसें तेज हो जाती है। खासतौर से खुले स्थान पर इसका उच्चारण करने से साफ हवा शरीर में पहुंचती है। ओम का उच्चारण सुखासन, पद्मासन, वज्रासन में बैठकर ही करना चाहिए।

वैसे 5, 7, 11 और 21 बार इसका उच्चारण बहुत अच्छा माना गया है। इसके करने के लिए गहरी सांस लें और फिर ओम का जाप करते हुए सांस छोड़ें। आप अपना मुंह खोलते हुए आवाज को जितना संभव हो सके उतना बढ़ाएं। फेफड़ों की क्षमता बहुत अच्छी हो जाएगी और सांस लेने में भी आसानी होगी।

​पर्स लिप्ड ब्रीदिंग

यह एक सांस लेने की तकनीक है, जो आपकी सांसों को धीमा और प्रभावी बनाती है। इससे आप अपनी सांसों पर नियंत्रण कर सकते हैं,जो विशेष रूप से फेफड़ों की स्थिति जैसे सीओपीडी वाले लोगों के लिए बहुत जरूरी है। इसे करने के लिए पीठ के साथ सीधे बैठें या लेट जाएं।

जितना हो सके कंधों को आराम दें। दो सैंकड के लिए अपनी नाक के जरिए सांस लें। हवा को अपने पेट में जाते हुए महसूस करें। पेट को हवा से भरने का प्रयास करें। अपने होठों को ओ आकार का बनाएं और मुंह से सांस छोड़ें। जितनी बार आप ये कर सकते हैं दोहराएं। समय के साथ आप सांस को 2-4 सैकंड तक बढ़ा सकते हैं। इस प्रक्रिया को कई बार दोहराएं।

​स्पाइरोमीटर

सांस लेने के व्यायाम के लिए स्पाइरोमीटर का इस्तेमाल किया जाता है। इसका काम मुख्य रूप से फेफड़ों को मजबूत बनाना है। यहां तक की इसकी मदद से आप जांच सकते हैं कि कोविड के बाद आपके फेफड़े ठीक से काम कर रहे हैं या नहीं। इसे करने का सही तरीका गहराई से सांस लेना, सभी गेंदों को ऊपर उठाने की कोशिश करना और नोजल से बाहर निकालना है।

आप हर दो घंटे के आसपास 10-15 सांसों के लिए स्पाइरोमीटर का इस्तेमाल आसानी से कर सकते हैं। हालांकि, ध्यान रखें कि इस ब्रीदिंग एक्सरसाइज को करने के लिए डॉक्टर द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करें। इस सांस लेने वाले व्यायाम और तकनीक की मदद से आप ठीक से सांस ले पाएंगे।

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​गुब्बारा फुलाएं

हो सकता है ऐसा करने से आपको परेशानी महसूस हो, लेकिन फेफड़ों की फास्ट रिकवरी के लिए यह डॉक्टर्स द्वारा सुझाया हुआ व्यायाम है। आप रोजाना गुब्बारा फुलाने की प्रेक्टिस कर सकते हैं। इससे फेफड़ों की एक्सरसाइज तो होती ही है साथ ही सांस लेने में हो रही परेशानी भी दूर हो जाती है।

​खूब चलें

अपने फेफड़ों की स्थिति को ठीक करने के लिए अपनी दिनचार्या में चलना शामिल करें। चलना आपकी सेहत के लिए भी बहुत अच्छा है। अगर आप हाल ही में कोविड से ठीक हुए हैं, तो घर में रहकर ही वॉक करने की कोशिश करें।

कोविड के बाद फेफड़ों को स्वस्थ रखने के लिए एक्सरसाइज करना तो जरूरी हैं ही, इसके अलावा कुछ चीजों का भी आपको ध्यान रखना पड़ेगा। फेफड़ों को मजूबत रखने के लिए रोजाना खूब सारे तरल पदार्थ और रोज 5 मिनट भाप लेना चाहिए। सबसे जरूरी बात, डॉक्टर की सलाह के बिना अपनी लाइफस्टाइल में कोई भी बदलाव न करें।

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