ऐपशहर

प्रेग्नेंसी के दौरान चाय, कॉफी और कोल्डड्रिंक से होते हैं ये नुकसान

रिपोर्ट्स की मानें तो गर्भावस्था के दौरान कैफीन लेने से बच्चे छोटे और कम वजन के पैदा होते हैं। जानवरों पर हुई रीसर्च में कई बर्थ डिफेक्ट्स भी सामने आ चुके हैं।

नवभारतटाइम्स.कॉम 16 May 2019, 1:27 pm
ऐसा माना जाता है गर्भावस्था के दौरान मां जो खाती है वह बच्चे तक भी पहुंचता है लिहाजा इस दौरान खाने-पीने का खास खयाल रखना चाहिए। कुछ शोधों में यह बात भी सामने आई है कि प्रेग्नेंसी के दौरान कैफीन के सेवन से बच्चों का वजन कम रह जाता है।
नवभारतटाइम्स.कॉम प्रतीकात्मक चित्र


दरअसल मां के जरिए बच्चे तक ऑक्सिजन और पोषण प्लैसेंटा से पहुंचता है और कैफीन में प्लैसेंटा से बच्चे तक पहुंचने की क्षमता होती है। बच्चे का मेटाबॉलिजम डिवेलप हो रहा होता है और वे कैफीन को पूरी तरह मेटाबोलाइज नहीं कर पाते।

कैफीन सिर्फ कॉफी ही नहीं बल्कि चाय, कोल्डड्रिंक्स, चॉकलेट और केक वगैरह में होता है। स्टडी में यह बात भी सामने आ चुकी है कि हर 100 मिग्रा कैफीन से बर्थ वेट 21 से 28 ग्राम तक कम हो जाता है और डिलिवरी का टाइम 5 घंटे तक बढ़ जाता है।


यह भी माना जाता है कि कैफीन से ब्लड प्रेशर और हार्ट रेट बढ़ जाते हैं, ये दोनों चीजें प्रेग्नेंसी के दौरान मना होती हैं।

वैसे जानवरों पर हुई कई स्टडीज में कैफीन से बर्थ डिफेक्ट, लो बर्थ वेट और कई रिप्रोडक्टिव समस्याएं सामने आ चुकी हैं हालांकि इंसानों पर ऐसी स्टडीज नहीं हुई। हालांकि सावधानी रखना सबसे बेहतर तरीका है।

अगला लेख

Lifestyleकी ताजा खबरें, ब्रेकिंग न्यूज, अनकही और सच्ची कहानियां, सिर्फ खबरें नहीं उसका विश्लेषण भी। इन सब की जानकारी, सबसे पहले और सबसे सटीक हिंदी में देश के सबसे लोकप्रिय, सबसे भरोसेमंद Hindi Newsडिजिटल प्लेटफ़ॉर्म नवभारत टाइम्स पर
ट्रेंडिंग