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‘एलजी को हथियार बनाकर काम ठप कर रही है मोदी सरकार’

विशेष संवाददाता, नई दिल्लीमुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके मंत्रियों के धरने के समर्थन में आम आदमी पार्टी के नेता और विधायक मंगलवार को दिनभर ...

Navbharat Times 13 Jun 2018, 8:00 am

विशेष संवाददाता, नई दिल्ली

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके मंत्रियों के धरने के समर्थन में आम आदमी पार्टी के नेता और विधायक मंगलवार को दिनभर सीएम आवास पर डटे रहे। इस दौरान पार्टी के चार नेताओं ने तीन बार मीडिया को संबोधित किया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उपराज्यपाल अनिल बैजल और आईएएस असोसिएशन पर निशाना साधा।

पार्टी के सांसद संजय सिंह ने दिल्ली में चल रही आईएएस अफसरों की कथित हड़ताल के लिए सीधे तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि एलजी को हथियार बनाकर मोदी सरकार दिल्ली के काम को ठप करना चाहती है। हमारा सीधा आरोप है कि ये सबकुछ जो दिल्ली में घटित हो रहा है, इसके लिए कोई और जिम्मेदार नहीं है। एलजी एक मोहरा हो सकते हैं, मगर इसके मास्टरमाइंड नरेंद्र मोदी ही हैं। उन्होंने कहा कि दूसरे दलों के लोग भी हमारे समर्थन में आगे आ रहे हैं। एलजी ऑफिस में सीएम और मंत्री लड़ाई लड़ रहे हैं और हम सड़क पर यह लड़ाई लड़ेंगे।

वहीं सौरभ भारद्वाज ने आईएएस अफसरों और उनकी एसोसिएशन पर निशाना साधते हुए उनसे 5 सवाल पूछे। उन्होंने पूछा कि क्या यह सच नहीं है कि आईएएस/पीसीएस ऑफिसर्स के कंडक्ट रूल के तहत काम को स्लो करना भी स्ट्राइक की परिभाषा में आता है? मीटिंग्स को बायकॉट करना क्या हड़ताल के दायरे में नहीं आता है? हाई कोर्ट के आदेश पर भी अगर अफसर फील्ड इंस्पैक्शन पर नहीं जाते हैं, तो क्या वह हड़ताल नहीं है? अफसर जब स्ट्राइक पर जाते हैं या मिस कंडक्ट करते हैं, तो उनके खिलाफ कार्रवाई करने की जिम्मेदारी क्या एलजी की नहीं है? मंत्रियों और मुख्यमंत्री ने एलजी को कई बार ये बताया, लिखित में भी शिकायत की कि आईएएस अफसर हड़ताल पर हैं। तो फिर चार महीने में एलजी साहब ने अब तक किसी भी अधिकारी के खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं की?

दिल्ली सरकार की पूर्व सलाहकार आतिशी मार्लेना ने बताया कि किस तरह अफसरों के काम न करने की वजह से विकास के कई काम रुके पड़े हैं। उन्होंने कहा कि अधिकारियों ने क्या सिर्फ अपनी सैलरी लेने के लिए बजट तो पास करवाया था?

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