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15 हजार यात्रियों से बात, 209 ट्रेनों की जांच, दुरंतो ट्रेनें मिलीं सबसे ज्यादा गंदी

केंद्र सरकार द्वारा भारतीय रेलवे की सफाई व्यवस्था को जांचने के लिए एक प्राइवेट कंपनी द्वारा सर्वे कराया गया। इसके तहत देशभर की 209 ट्रेनों की सफाई का जायजा लिया गया था। इनमें भी उन ट्रेनों को टारगेट किया गया था जिनका किराया ज्यादा है।

दामोदर व्यास | नवभारत टाइम्स 21 Jan 2019, 10:06 pm
मुंबई
नवभारतटाइम्स.कॉम Indian-rail
सांकेतिक तस्वीर

केंद्र की मोदी सरकार द्वारा भारतीय रेलवे में सफाई व्यवस्था का आलम जानने के लिए एक सर्वे कराया गया। दरअसल, इसके जरिए स्टेशनों की सफाई की रिपोर्ट के साथ ही चलती ट्रेनों में सफाई का जायजा लिया गया। इसके लिए बाकायदा एक प्राइवेट कंपनी को काम दिया गया, जिसके तहत देशभर की 209 ट्रेनों की सफाई का जायजा लिया गया था। इनमें भी प्रीमियम ट्रेनों का टारगेट किया गया यानी जिनका किराया ज्यादा है। 77 प्रीमियम ट्रेनें और 23 राजधानी ट्रेनों को भी इस सर्वेक्षण में शामिल किया गया। यही नहीं, 15 हजार यात्रियों से की गई बात पर रिपोर्ट तैयार हो गई।

यह है रेलवे की रिपोर्ट
देश की 77 प्रीमियम ट्रेनों में पुणे-सिकंदराबाद और हावड़ा-रांची सहित तीन शताब्दी ट्रेनें सबसे ज्यादा स्वच्छ, जबकि तीन दुरंतो ट्रेनें सबसे ज्यादा गंदी पाई गई हैं। वहीं, 23 राजधानी ट्रेनों में मुंबई-नई दिल्ली राजधानी सबसे ज्यादा स्वच्छ दिखी, जबकि नई दिल्ली-डिब्रूगढ़ सबसे ज्यादा गंदी। रेलवे ने एक सर्वेक्षण में यह जानकारी दी है। इस रिपोर्ट के बाद यह भी माना गया है कि ट्रेनों में टॉइलट्स साफ रखना मुश्किल काम है, क्योंकि शौचालय दिनभर में औसतन 60 बार इस्तेमाल होता है।

सर्वे की क्या जरूरत?
रेल मंत्रालय के ट्विटर हैंडल @RailMinIndia पर रोजाना औसतन 15 हजार शिकायतें मिलती हैं। इनमें से 2100 पूरी जानकारी के साथ होती है, जिन पर कार्रवाई की जा सकती है। ट्विटर के अलावा भारत सरकार के शिकायती प्लैटफॉर्म CPGRAMS पर रोजाना 200 शिकायतें मिलती हैं। मोबाइल पर दिए गए रेलवे की शिकायती प्लैटफॉर्म पर 350 शिकायतें रोजाना प्राप्त होती हैं। रेलवे हेल्पलाइन 138 पर रोजाना 6 हजार कॉल प्राप्त होती हैं और आईवीआरएस फीडबैक से रोजाना 1.2 लाख यात्रियों से बात की जाती है। अब मुद्दे की बात ये है कि इतना उन्नत सिस्टम है, तो थर्ड पार्टी सर्वे की क्या जरूरत है?

कुछ और खास बातें:
  • 13,300 पैसेंजर ट्रेन रोजाना चलती हैं।
  • 15,360 यात्रियों से सर्वे किया गया।
  • प्रीमियम ट्रेन: सभी जोन में पश्चिम रेलवे छठे स्थान पर और मध्य रेलवे 11वें स्थान पर हैं।
  • नॉन प्रीमियम ट्रेन: अन्य ट्रेनों की श्रेणी में पश्चिम रेलवे तीसरे और मध्य रेलवे 9वें स्थान पर है।
  • प्रीमियम ट्रेनों की श्रेणी में सफाई के मामले में दसवें स्थान पर है पश्चिम रेलवे की मुंबई-दिल्ली (12951/52) राजधानी एक्सप्रेस (केवल राजधानी श्रेणी में प्रथम स्थान) और 16वें स्थान पर है मुंबई-अहमदाबाद शताब्दी एक्सप्रेस।
  • सीएसएमटी के करमाली जाने वाली तेजस एक्सप्रेस सफाई के मामले में 21वें स्थान पर है।
लेखक के बारे में
दामोदर व्यास
पिछले 13 वर्षों से नवभारत टाइम्स के साथ मुंबई की लाइफलाइन पर नजर बनाए हुए हैं। लोकल ट्रेन, बस या ऑटो इनसे जुड़ी सभी खबरों को सामने ला रहे हैं। ट्रांसपोर्ट बीट के साथ कई बार स्टिंग के माध्यम से भी प्रशासन की पोल खोली है, जिस पर ऐक्शन हुआ है। क्रिकेट खेलना, घूमना, बच्चों के साथ समय बिताना और खाना बनाना का शौक है। दामोदर के जीवन का मूल मंत्र है जो प्राप्त है, वही पर्याप्त है।... और पढ़ें

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