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बंद होगा 59 साल पुराना कंडम स्कूल, आधा किमी दूर बनेगी नई बिल्डिंग

Gurugram News: गुड़गांव1961 में बने मोहम्मदपुर झाड़सा गवर्नमेंट सीनियर सेकंडरी स्कूल को अब दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा। जमीनी विवाद के चलते कुछ...

Navbharat Times 27 Oct 2020, 10:52 am
गुड़गांव
नवभारतटाइम्स.कॉम School

1961 में बने मोहम्मदपुर झाड़सा गवर्नमेंट सीनियर सेकंडरी स्कूल को अब दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा। जमीनी विवाद के चलते कुछ वर्षों से स्कूल की बिल्डिंग जर्जर अवस्था में पहुंच गई है। शिक्षा निदेशालय भी स्कूल के लिए फंड जारी कर चुका है, लेकिन पंचायत और शिक्षा विभाग की तनातनी के बीच स्कूल का न तो रिनोवेशन हो पाया न ही नई बिल्डिंग बन पा रही है। ऐसे में अब इस स्कूल को करीब आधा किलोमीटर दूर शिफ्ट किया जाएगा। जिसके लिए विभाग के पास 4 करोड़ का फंड भी मौजूद है।

स्कूल की नई बिल्डिंग करीब 3 एकड़ जमीन पर बनेगी। जबकि जो पहला स्कूल था यहां पर 4 एकड़ की जमीन पर स्कूल कैंपस बनाया गया था। नई स्कूल बिल्डिंग में 28 कमरे होंगे। इस 3 मंजिला इमारत में प्रत्येक फ्लोर में 9 कमरे तैयार किए जाएंगे, इसके अलावा एक हॉल भी इसमें शामिल होगा।

टपकती है छत, कमरों में आती है सीलन की बदबू
59 साल पुराना मोहम्मदपुर झाड़सा का गवर्नमेंट सीनियर सेकंडरी स्कूल को एक लंबे समय से रेनोवेट भी नहीं किया जा सका है। स्कूल हादसों के ढेर पर खड़ा है। स्टूडेंट्स के पास भी अन्य सरकारी स्कूल का विकल्प नहीं होने से इसी स्कूल में पढ़ने को मजबूर हैं। यहां के कई कमरों की दीवारों में करंट आता है, छत टपकती है, कमरों में सीलन और बदबू है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है।

केवल 8 कमरों में पढ़ते हैं 500 छात्र
इस बिल्डिंग की हालत देखते हुए सालों पहले ही एमसीजी ने इसके कंडम घोषित कर दिया था। फिर भी छठी से 12वीं तक की क्लासेज लगाई जा रही हैं, जिसमें करीब 500 बच्चे पढ़ते हैं। यहां कुल 29 कमरे हैं, जिसमें से केवल 12 कमरों का ही इस्तेमाल किया जा रहा है। इसमें स्टाफ रूम समेत प्रिंसिपल रूम व अन्य कमरे शामिल हैं। केवल 8 क्लासरूम में ही छात्र बैठते हैं, जिसमें से 2 लैब और एक लाइब्रेरी भी शामिल है, जिनका इस्तेमाल भी क्लास रूम की तरह होता है। यही वजह है कि साल दर साल यहां पर छात्रों की संख्या में कमी आई।

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