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एएमयू: ऑफिसर हैं हिज्बुल में भर्ती वानी के रूममेट

जम्मू-कश्मीर के रहने वाले लापता एएमयू छात्र मन्नान वानी की प्रारंभिक जांच से पता चला है कि उसका रूममेट मुजम्मिल हुसैन भी जुलाई 2017 से लापता है। मुजम्मिल हुसैन जम्‍मू-कश्‍मीर के बारामूला का रहने वाला है।

टाइम्स न्यूज नेटवर्क 9 Jan 2018, 2:27 pm
अलीगढ़
नवभारतटाइम्स.कॉम फाइल फोटो: मन्नान वानी और एएमयू
फाइल फोटो: मन्नान वानी और एएमयू

जम्मू-कश्मीर के रहने वाले लापता अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) के छात्र मन्नान वानी के रूममेट मुजम्मिल हुसैन लापता नहीं बल्कि भारत सरकार में अधिकारी हैं। बताया जा रहा है कि मन्नान वानी के रूममेट मुजम्मिल हुसैन जिऑलजिकल सर्वे ऑफ इंडिया में क्लॉस वन ऑफिसर हैं। वह इन दिनों महाराष्ट्र में तैनात हैं। एएमयू प्रशासन ने भी इस तथ्य की पुष्टि की है।

सूत्रों ने बताया कि जिऑलजिकल सर्वे ऑफ इंडिया में चयन के बाद मुजम्मिल ने नौकरी जॉइन कर लिया था। इसीलिए जुलाई 2017 से वह हॉस्टल में नहीं रहे। मुजम्मिल हुसैन जम्मू-कश्मीर के बारामूला के रहने वाले हैं। बता दें, प्रारंभिक जांच में पता चला था कि मन्नान वानी के अलावा उनके रूप पार्टनर मुजम्मिल भी लापता हैं।

जम्मू-कश्मीर के रहने वाले लापता एएमयू के पीएचडी छात्र मन्नान वानी का अभी तक अता-पता नहीं है। खुफिया एजेंसियां वानी की तलाश में जुटी हुई हैं। इस बीच पुलिस ने कहा है कि यह कहना अभी जल्दीबाजी होगा कि वानी ने आतंकवादी संगठन हिज्बुल मुजाहिदीन जॉइन कर लिया है। सूत्रों के मुताबिक मन्नान की आखिरी लोकेशन 4 जनवरी को दिल्ली में ट्रेस की गई है। मन्नान के लापता होने से उसका परिवार भी सदमे में है।

भाई मुबस्सिर ने कहा कि 3 जनवरी को मन्नान की पिता से बात हुई थी। 4 जनवरी के बाद से उसका फोन स्विच ऑफ जा रहा है। वानी के हिज्बुल में शामिल होने की अटकलों के बीच यूपी एटीएस ने सोमवार को दोनों कश्मीरी छात्रों की जांच शुरू कर दी है। जांच अधिकारियों ने बताया कि हॉस्टल में वानी के रूम से संदेहजनक सामग्री मिली है। उन्होंने बताया कि किताबें, फोटोकॉपी, पेन ड्राइव समेत कुछ 'संदिग्ध' दस्तावेज उसके कमरे से मिले हैं।

हॉस्टल में बांटा था हिज्बुल का 'कैलेंडर'
उधर जम्मू-कश्मीर के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक मुनीर खान ने कहा कि सभी चीजों की जांच की जा रही है और यह कहना अभी जल्दीबाजी होगा कि मुनीर हिज्बुल में शामिल हो गया है। हालांकि अलीगढ़ पुलिस की जांच से पता चला है कि वानी ने जनवरी 2017 में हॉस्टल में हिज्बुल का 'कैलेंडर' बांटा था।

मन्नान वानी को अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (AMU) ने निष्कासित कर दिया है। दो दिन पहले राइफल के साथ वानी की फोटो फेसबुक पर वायरल हो गई, जिसमें कहा गया कि 5 जनवरी को वह हिज्बुल मुजाहिदीन के साथ जुड़ गया था। एएमयू के पीआरओ का कहना है कि भूगर्भ शास्त्र के रिसर्च स्कॉलर मन्नान बशीर वानी को संस्थान से निष्कासित कर दिया गया है। इसके साथ ही हबीब हॉल हॉस्टल में उसका कमरा भी सील कर दिया गया है। एएमयू प्रशासन का कहना है कि उसकी आपत्तिजनक गतिविधियों से संस्थान का शांतिपूर्ण माहौल खराब हो सकता था, लिहाजा संस्थान ने उसके निष्कासन की कार्रवाई की है।

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