ऐपशहर

जमाल खशोगी के सऊदी हत्‍यारों को अमेरिका में मिली थी सेना की ट्रेनिंग, फंसे प्रिंस मोहम्‍मद बिन सलमान

Saudi Hit Squad Jamal Khashoggi Trained In US: वॉशिंगटन पोस्‍ट के पत्रकार जमाल खशोगी के हत्‍यारों को अमेरिका में सैन्‍य प्रश‍िक्षण मिला था। इन हत्‍यारों को निशानेबाजी से लेकर मुंहतोड़ जवाबी कार्रवाई की ट्रेनिंग दी गई थी।

NYT न्यूज़ सर्विस 23 Jun 2021, 11:36 am

हाइलाइट्स

  • पत्रकार जमाल खशोगी के 4 सऊदी हत्‍यारों को अमेरिका के अंदर सैन्‍य प्रशिक्षण मिला था
  • यही नहीं इस सैन्‍य प्रशिक्षण को खुद अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने ही मंजूरी दी थी
  • यह सीक्रेट सऊदी यूनिट को मोहम्‍मद सलमान के आदेश पर तैयार किया गया था
सारी खबरें हाइलाइट्स में पढ़ने के लिए ऐप डाउनलोड करें
नवभारतटाइम्स.कॉम Jamal Khashoggi
मोहम्‍मद सलमान ने कराई थी जमाल खशोगी की हत्‍या
रियाद
सऊदी अरब के प्रिंस मोहम्‍मद सलमान के धुर विरोधी चर्चित पत्रकार जमाल खशोगी के 4 सऊदी हत्‍यारों को अमेरिका के अंदर सैन्‍य प्रशिक्षण मिला था। यही नहीं इस प्रशिक्षण को खुद अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने ही मंजूरी दी थी। अमेरिकी अखबार न्‍यूयॉर्क टाइम्‍स ने दस्‍तावेजों और इससे जुड़े लोगों के हवाले से यह खुलासा किया है। इस सीक्रेट सऊदी यूनिट को मोहम्‍मद सलमान के आदेश पर तैयार किया गया था ताकि देश में विरोध को कुचला जा सके।
इस सीक्रेट दस्‍ते को अमेरिका के अरकंसास स्थित सुरक्षा कंपनी टीयर 1 ग्रुप ने प्रशिक्षण दिया था। इस कंपनी की मालिक प्राइवेट कंपनी सेरबेरस कैपिटल मैनेजमेंट थी। कंपनी ने कहा है कि इस ट्रेनिंग में 'सुरक्षित निशानेबाजी' और 'हमले का जवाब देना' शामिल था। यह अपने आप में रक्षात्‍मक थी और इसका उद्देश्‍य सऊदी नेताओं को बेहतर सुरक्षा प्रदान करना था। इस पूरे प्रशिक्षण से जुड़े एक शख्‍स ने कहा कि सऊदी सीक्रेट दस्‍ते को निगरानी करने और आमने-सामने की जंग लड़ने का तरीका भी सीखाया गया था।

वर्ष 2014 में सबसे पहले सऊदी अरब के शाही सैनिकों ट्रेनिंग
इस बात के अभी साक्ष्‍य नहीं मिले हैं कि प्रशिक्षण को स्‍वीकृति देने वाले अमेरिकी अधिकारी यह जानते थे कि इस दस्‍ते का इस्‍तेमाल सऊदी अरब में असंतोष को कुचलने के लिए किया जाएगा। हाालांकि इससे यह भी खुलासा हो गया है कि खशोगी के हत्‍यारे कितना ज्‍यादा अमेरिका से जुड़े हुए थे और प्रशिक्षण हासिल किए हुए थे। इससे यह भी पता चलता है कि सऊदी अरब की तानाशाही सरकार के साथ किस हद तक अमेरिका भागीदारी करता है और उनके वापस लौटने पर कोई निगरानी भी नहीं होती है।

न्‍यूयॉर्क टाइम्‍स ने कहा कि ऐसे मामले आने वाले समय में भी जारी रहेंगे क्‍योंकि अमेरिका के निजी सैन्‍य ठेकेदार अपना बिजनस बढ़ाने के लिए विदेश ग्राहकों पर नजरें गड़ाए रखते हैं। अमेरिका ने ऐसे निजी ठेकेदारों को अब विदेशी दौरों से हटा लिया है, इससे वे अब अपना बिजनस बढ़ाना चाहते हैं। अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने वर्ष 2014 में सबसे पहले सऊदी अरब के शाही सैनिकों को टीयर 1 ग्रुप के साथ ट्रेनिंग के लिए मंजूरी दी थी। यह ट्रेनिंग ट्रंप के 4 साल के शासन काल तक जारी रही।

अगला लेख

Worldकी ताजा खबरें, ब्रेकिंग न्यूज, अनकही और सच्ची कहानियां, सिर्फ खबरें नहीं उसका विश्लेषण भी। इन सब की जानकारी, सबसे पहले और सबसे सटीक हिंदी में देश के सबसे लोकप्रिय, सबसे भरोसेमंद Hindi Newsडिजिटल प्लेटफ़ॉर्म नवभारत टाइम्स पर
ट्रेंडिंग